सागर में EOW ने एसडीएम के रीडर को 50 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा, नामांतरण और अवैध कब्जा हटाने संबंधी मामलों के लिए मांगा था रुपये
सागर। मध्य प्रदेश सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख के तहत आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए सागर में मालथौन एसडीएम के सहायक रीडर को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है. यह सहायक रीडर एस.डी.एम. कार्यालय में लंबित नामांतरण और अवैध कब्जा हटाने संबंधी प्रकरणों के निराकरण के लिए पचास हजार रुपए की मांग की थी।
आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) इकाई-सागर में आवेदक महेन्द्र कुमार पिता बालकृष्ण श्रीवास्तव ने एस.डी.एम. कार्यालय मालथौन में पदस्थ सहायक रीडर वेद नारायण यादव द्वारा एस.डी.एम. कार्यालय में लंबित नामांतरण और अवैध कब्जा हटाने संबंधी प्रकरणों के निराकरण के लिए पचास हजार की रिश्वत मांगे जाने के सम्बन्ध में आवेदन पत्र प्रस्तुत किया गया था. आवेदन का सत्यापन करने पर 50000 रुपये रिश्वत की मांग करने की पुष्टि होने पर आरोपी सहायक रीडर के विरुद्ध भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत ईओडब्ल्यू में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।
आज शुक्रवार 28 फरवरी को आवेदक की सूचना पर ईओडब्ल्यू सागर की टीम द्वारा आरोपी सहायक रीडर वेदनारायण को आवेदक से रिश्वत के 50000 रुपये लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया. पंचसाक्षी के समक्ष विधिवत आरोपी सहायक रीडर के हाथ केमिकल से धुलवाने पर गुलाबी रंग के हो गए. आवेदक महेन्द्र कुमार पिता बालकृष्ण श्रीवास्तव की ग्राम झोलसी तहसील मालथौन में कृषि भूमि है. उक्त कृषि भूमि से संबंधित नामांतरण एवं अवैध कब्जा हटाने संबंध में प्रकरण एस.डी.एम. कार्यालय मालथौन में लगभग एक वर्ष से लंबित है।
आरोपी सहायक रीडर को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ने में ईओडब्ल्यू सागर की टीम में उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती उमा नवल आर्य, एस.एस.धामी, निरीक्षक प्रशांत मिश्रा, संजय बेदिया, मोमेन्द्र मर्सकोले, उप निरीक्षक श्रीमती सोनल पाण्डेय, सूबेदार (अ) कु. रोशनी सोनी, उनि (अ) अतुल पंथी, प्रधान आरक्षक आसिफ अली, बृजेन्द्र सिंह राजपूत, रामसजीवन यादव, रामअनुग्रह तिवारी, प्रधान आरक्षक (चालक) अफसर अली, आरक्षक शेख नदीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।